जो दिमाग़ी कच्चे हैं उन्हें लगता है कि हम सबको पकाते हैंमग़र हमारी ग़ैर-हाज़िरी में वे ख़ुद हमारे बारे में बतियाते हैंअसल में हम वाहियात बातें नहीं करते उनके मनोरंजन कीवे ठण्डक देते हैं अपनी तशरीफ़ को जिसको ख़ुद जलाते हैं जलन नाम की एक बुरी आदत होती हैकिसी कमतर को हमसे नफ़रत होती हैतभीContinue reading “•बुरे लोग बुराई करते हैं•”

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